कालीमुद्रा ( Kali mudra )

परिचय-
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          पद्मासन, सिद्धासन या वज्रासन में बैठकर अपने होठों को ऐसे आकार में कर लें कि जैसे आप सीटी बजा रहें हो। इस हालत में पहले मुंह से गहरी सांस लें और फिर उसे नाक से छोड़ दें। ऐसा करते समय आपकी नज़र और ध्यान नाक के आगे वाले भाग पर रहना चाहिए।

लाभकारी-

          इससे शरीर की कुछ खास तरह की ग्रंथियों से रस का बहाव होता है तथा पुराने रोग और बुढ़ापे को दूर करने में मदद मिलती है तथा यह मुद्रा भोजन पचाने की क्रिया को भी ठीक करती है।
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About Aryan Malhotra

नमस्कार ...आपका "श्री कल्याण वेदा" परिवार में स्वागत है। मेरा नाम आर्यन मल्होत्रा है और मैं उत्तर प्रदेश के अलीगढ जिले का निवासी हूँ। मैं एक पार्ट टाइम ब्लॉगर हूँ । मैंने इस वेबसाइट को जन कल्याण के उद्देश्य से बनाया है और मुझे विश्वास है की ये वेबसाइट आप सभी पाठकों को पसंद आएगी और आशा है की आप भी स्वस्थ भारत की और कदम बढ़ाएंगे और इस वेबसाइट को शेयर करेंगे । धन्यवाद...

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